मेडिकल साइंस ने अल्लाह को मात दे दिया |

|| मेडिकल साइंस ने अल्लाह को मात दे दिया ||
दुनिया वालों मैं निरंतर आप लोगों को यह बताता आया हूँ, की कुरान ईश्वरीय = या अल्लाह की कलाम नहीं है और ना हो सकता है | कारण कुरआन में किस्सा कहानी भरे पड़े हैं कहीं अल्लाह दीखता है तो कहीं कोई और बोलने लगता है |
जहाँ तक बोलने और बात करने की बात है तो अल्लाह का बोलना कलाम करना किस लिए सम्भव हो सकता है ? कारण अल्लाह को निराकार बताया है कुरआन, परन्तु पूरी कुरान को ध्यान से पढने और समझने से पता लगता है की अल्लाह कोई एक व्यक्ति विशेष का नाम है जो मानव को ईमानदार और बेईमानों में बाँटकर धरती को मानवों के खून से सराबोर किया और करवाया है | आये दिन दुनिया में ना जाने कितनी घटनाएँ हो रही है, अभी की ताज़ा घटना है दिल्ली के चावड़ीबाज़ार की घटना है | गाड़ी पार्किंग को लेकर विवाद हुवा उसमें मन्दिर और मूर्ति तोड़ने की बात क्यों और कैसे ?

यहाँ जो कुछ भी हुवा उसी का नाम इस्लाम है,वही कुरानी शिक्षा है, जब मुस्लमान कुरान पर अमल करते हैं और यह बात तो लोक सभा में संसद मियां आज़मखान ने खुलकर कहा है इसी सत्र में, की हमारा कुरान पर विश्वास है हम कुरान के अनुसार ही चलेंगे, और यह सच भी है उन्हें चलना भी चाहिए | पर दुनिया वालों को चाहिए की कुरान में क्या है उसे जानना की कुरान को यह इस्लाम के मानने वाले कलामुल्लाह कहते हैं सही में यह आल्लाह की कलाम है अथवा नहीं उसे जानना और परखना भी तो पड़ेगा ?

देखें कुरान में अल्लाह ने कहा निसन्देह खुदा ही जानता है कयामत कब आएगी ? और जब मौका उचित देखता है तो पानी बरसाता है | और मां के पेट में क्या है नर है या मादा वह केवल अल्लाह ही जानता है | दुनिया के लोगों मां के पेट में बेटा है या बेटी आज से बहुत पहले यह खोज मेडिकल साइंस वालों ने बता दिया था | भले ही MBBS मुन्ना भाई डॉ० जाकिर नाईक को पता ना हो यह बात की कुरान में अल्लाह ने जो बताया वह सच नहीं है के माता के पेट में बेटा है या बेटी कुरान में अल्लाह ने कहा के यह अल्लाह के सिवा और कोई नहीं जान सकता यह बातें अल्लाह तथा कुरान की सत्य नहीं है डॉ० लोग अल्ट्रा साउंड में यह बता देते हैं माता के पेट में क्या है ? यद्यपि सरकार ने इसी पर इस लिए प्रवंध लगाया की आज के माता पिता बेटी नहीं लेना चाहते इसी लिए |
إِنَّ اللَّهَ عِندَهُ عِلْمُ السَّاعَةِ وَيُنَزِّلُ الْغَيْثَ وَيَعْلَمُ مَا فِي الْأَرْحَامِ ۖ وَمَا تَدْرِي نَفْسٌ مَّاذَا تَكْسِبُ غَدًا ۖ وَمَا تَدْرِي نَفْسٌ بِأَيِّ أَرْضٍ تَمُوتُ ۚ إِنَّ اللَّهَ عَلِيمٌ خَبِيرٌ [٣١:٣٤]
बेशक ख़ुदा ही के पास क़यामत (के आने) का इल्म है और वही (जब मौक़ा मुनासिब देखता है) पानी बरसाता है और जो कुछ औरतों के पेट में (नर मादा) है जानता है और कोई शख्स (इतना भी तो) नहीं जानता कि वह ख़़ुद कल क्या करेगा और कोई शख्स ये (भी) नहीं जानता है कि वह किस सर ज़मीन पर मरे (गड़े) गा बेशक ख़ुदा (सब बातों से) आगाह ख़बरदार है | सूरा 31 –का 34 देखें |

पर अल्लाह ने जो कहा वह असत्य प्रमाणित करके दिखा दिया मेडिकल साइंस की दुनिया ने यह एक नमूना ही मैं दे रहा हूँ इस प्रकार की बातें कुरान में अनेक जगह देखने को मिलता है | मेरी तो खुली चुनौती है इन कुरान के मानने वालों से की इसे कोई कलामुल्लाह सिद्ध करके दिखाए ? आप सभी लोगों से विनती है इस लेख को जरुर पढ़ें और सत्य से रूबरू भी हों = धन्यवाद के साथ महेन्द्र पाल आर्य = 6 /7 /19