|| अल्लाह जो चाहता करता है, यह वाक्य मानवता विरोधी है || दुनिया वालों मुझे भी लिखकर आप लोगों के सामने प्रस्तुत करने में शर्म आ रही है | वह

|| अल्लाह जैसा मूसा का कोई खास रिश्तेदार || मानव कहलने वालों क्या परमात्मा किसी से बात कर सकते हैं ? पर देखें तामाशा अल्लाह का,मूसा ने अल्लाह से कही

सत्य सनातन वैदिक धर्म ही मानव मात्र का धर्म है | यहाँ न किसी जाति का नाम ना किसी वर्ग का नाम और ना किसी मुल्क का नाम यहाँ सम्पूर्ण

|| कुरआन की शुरुयात ही गलत है || ऋषि दयानन्द जी ने इस भेद को खोला इससे पहले भी बहुत लोगों ने कुरान ईश्वरीय ना होने का प्रमाण दिया है,

https://www.youtube.com/watch?v=qnubmFxYdDQhttps://www.youtube.com/watch?v=qnubmFxYdDQ